परिचय
क्या आपके बनते हुए काम ऐन वक्त पर बिगड़ जाते हैं? क्या अत्यधिक कठिन परिश्रम के बाद भी आपको वह सफलता या सम्मान नहीं मिल पाता जिसके आप हकदार हैं? क्या परिवार में बिना किसी ठोस कारण के लगातार कलह, संतान प्राप्ति में बाधा या वंश वृद्धि में रुकावट आ रही है?
ज्योतिष और वैदिक परंपरा में पितृ दोष और कालसर्प दोष को जीवन की प्रगति में सबसे बड़ा अवरोधक माना गया है। दिव्य साधना आध्यात्मिक ट्रस्ट आपके लिए इन दोनों गंभीर दोषों की शांति के लिए एक विशेष और पूर्णतः शास्त्रीय अनुष्ठान सेवा लेकर आया है। हमारे सिद्ध साधना केंद्र पर योग्य विद्वानों द्वारा पूर्ण शुद्धि और नियमों के साथ यह पूजन संपन्न किया जाता है।
जब हमारे पूर्वज पितर किसी भूलवश, अतृप्ति या श्राद्ध कर्म की कमी के कारण रुष्ट होते हैं, तो कुंडली में पितृ दोष का निर्माण होता है।
प्रमुख लक्षण: परिवार में बार-बार बीमारियां आना, विवाह में अत्यधिक विलंब, संतान सुख में बाधा, और घर में हमेशा मानसिक अशांति का वातावरण रहना।
- कालसर्प दोष
जब जन्म कुंडली में राहु और केतु के बीच सभी सात ग्रह आ जाते हैं, तब कालसर्प योग बनता है।
प्रमुख लक्षण: निरंतर आर्थिक नुकसान, नौकरी या व्यापार में अचानक गिरावट, डरावने सपने आना विशेषकर सांपों का दिखना, और जीवन में स्थायित्व का अभाव।
यह अनुष्ठान ट्रस्ट के पवित्र और ऊर्जावान स्थान पर शास्त्रों में वर्णित वैदिक व पौराणिक पद्धतियों के अनुसार संपन्न किया जाता है:
- मंत्र जप और तर्पण: दोष की उग्रता को शांत करने के लिए राहु-केतु के विशेष मंत्रों का पुरश्चरण, नाग-नागिन के प्रतीक का पूजन और पितरों की तृप्ति के लिए विशेष तर्पण प्रक्रिया की जाती है।
- वीडियो कॉल द्वारा संकल्प: व्यस्तता या दूरी के कारण यदि आप स्वयं उपस्थित नहीं हो सकते, तो अनुष्ठान के प्रारंभ में आपको वीडियो कॉल के माध्यम से सीधा जोड़ा जाएगा। आपके नाम, माता-पिता के नाम और गोत्र का उच्चारण कराके आचार्यों द्वारा साक्षात संकल्प दिलवाया जाएगा।
- पूर्ण आहुति और शांति: संकल्प के बाद आचार्यों द्वारा आपके निमित्त पूरी सजगता से पाठ, हवन और महाआरती संपन्न की जाएगी।
अनुष्ठान दक्षिणा / फीस
कुल शुल्क: 7,100 रुपये
इस शुल्क में संपूर्ण पूजन सामग्री, आचार्यों की दक्षिणा, हवन और केंद्र की व्यवस्था का खर्च शामिल है। इसके अतिरिक्त आपको कोई अन्य शुल्क नहीं देना है।
इस अनुष्ठान से मिलने वाले लाभ
- कार्यों में आ रही बाधाएं दूर होना: व्यापार, नौकरी और करियर में रुका हुआ धन और रुकी हुई प्रगति पुनः शुरू होती है
- पारिवारिक सुख और वंश वृद्धि: पितरों का आशीर्वाद मिलने से घर का माहौल शांतिपूर्ण होता है और संतान पक्ष से जुड़ी समस्याएं हल होती हैं
- मानसिक शांति और सुरक्षा: राहु-केतु के नकारात्मक प्रभाव शांत होने से मानसिक भ्रम, तनाव और अज्ञात भय से स्थायी मुक्ति मिलती है
स्टेप 1: विवरण दर्ज करें
नीचे दिए गए बुकिंग फॉर्म में अपना पूरा नाम, गोत्र यदि ज्ञात हो, माता का नाम, जन्म विवरण यदि उपलब्ध हो और वर्तमान स्थान सही-सही भरें।
स्टेप 2: सुरक्षित भुगतान
अनुष्ठान बुक करें बटन पर क्लिक करके वेबसाइट पर 7,100 रुपये का सुरक्षित ऑनलाइन भुगतान पूरा करें।
स्टेप 3: मुहूर्त का निर्धारण
भुगतान सफल होने के बाद, ट्रस्ट के प्रतिनिधि आपसे संपर्क करेंगे और आपकी कुंडली या नाम के अनुसार सबसे शुभ तिथि जैसे अमावस्या, पंचमी या विशेष योग और समय सुनिश्चित करेंगे।
स्टेप 4: लाइव संकल्प और पूर्णता
तय तिथि पर आपको वीडियो कॉल के माध्यम से जोड़कर संकल्प दिलाया जाएगा और अनुष्ठान संपन्न होने के बाद आपको सूचित किया जाएगा।
श्रद्धा सुमन: पितरों की प्रसन्नता और ग्रहों की शांति ही जीवन में वास्तविक सुख और समृद्धि का आधार है। पूर्ण विश्वास के साथ इस दैवीय प्रक्रिया का हिस्सा बनें।